Tuesday, 3 Mar 2026
  • About Divysudha
  • Contact Us
Subscribe
दिव्य सुधा
  • सनातन धर्म
    • भगवान
    • मंदिर
  • राशिफल
  • पंचांग
  • आरती/मंत्र
  • ग्रह-नक्षत्र
  • व्रत और त्योहार
  • वास्तु शास्त्र/हस्त रेखा
  • अन्य
Facebook X-twitter Youtube Instagram
Font ResizerAa
दिव्य सुधादिव्य सुधा
  • सनातन धर्म
  • राशिफल
  • पंचांग
  • आरती/मंत्र
  • ग्रह-नक्षत्र
  • व्रत और त्योहार
  • वास्तु शास्त्र/हस्त रेखा
  • अन्य
Search
  • About Divysudha
  • Contact Us
Follow US
दिव्य सुधा > ग्रह-नक्षत्र > पूर्ण चंद्र ग्रहण 3 मार्च 2026: सूतक काल, राशियों पर प्रभाव और उपाय
ग्रह-नक्षत्र

पूर्ण चंद्र ग्रहण 3 मार्च 2026: सूतक काल, राशियों पर प्रभाव और उपाय

Ekta Mishra
Last updated: March 2, 2026 6:05 pm
Ekta Mishra
Share
3 मार्च 2026 पूर्ण चंद्र ग्रहण: प्रभाव और सावधानियां
3 मार्च 2026 का पूर्ण चंद्र ग्रहण: जानें राशियों पर प्रभाव, सूतक काल और ग्रहण के समय करने योग्य उपाय।
SHARE

3 मार्च 2026 को होली के पावन दिन वर्ष का पहला पूर्ण चंद्र ग्रहण लगने जा रहा है। यह ग्रहण भारत में भी दिखाई देगा, इसलिए स्वाभाविक है कि लोगों के मन में जिज्ञासा और शंकाएं उठ रही हैं। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार यह ग्रहण सिंह राशि और पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र में घटित होगा। भारतीय समयानुसार ग्रहण दोपहर 3 बजकर 20 मिनट से आरंभ होकर शाम लगभग 6 बजे पूर्ण रूप से दिखाई देगा। चूंकि यह पूर्ण चंद्र ग्रहण है, इसलिए इसका प्रभाव मानसिक और भावनात्मक स्तर पर अधिक माना जाता है।

सूतक काल का महत्व
चंद्र ग्रहण से लगभग 9 घंटे पहले सूतक काल प्रारंभ हो जाता है। इस गणना के अनुसार 3 मार्च की सुबह 6 बजकर 20 मिनट से सूतक लग जाएगा। धार्मिक परंपराओं में सूतक काल को संवेदनशील समय माना जाता है। इस दौरान शुभ और मांगलिक कार्यों से परहेज किया जाता है। मंदिरों के पट बंद कर दिए जाते हैं और मूर्ति पूजा स्थगित कर दी जाती है। मान्यता है कि इस समय वातावरण में सूक्ष्म ऊर्जा परिवर्तन होते हैं, इसलिए संयम और सावधानी आवश्यक होती है।

क्या ग्रहण के समय आसमान देखना चाहिए?
ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार हर ग्रहण का प्रभाव व्यक्ति की जन्म राशि और कुंडली पर निर्भर करता है। यह ग्रहण सिंह राशि में लग रहा है, इसलिए कर्क, सिंह, वृश्चिक और कुंभ राशि के जातकों को इसे सीधे देखने से बचने की सलाह दी जाती है। जिन लोगों की कुंडली में चंद्रमा कमजोर, पाप ग्रहों से पीड़ित या नीच राशि में स्थित हो, उन्हें भी ग्रहण दर्शन से परहेज करना चाहिए।

ऐसी मान्यता है कि प्रतिकूल स्थिति में ग्रहण देखने से मानसिक तनाव, भावनात्मक अस्थिरता, आर्थिक हानि या स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ सकती हैं। विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं को अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। उन्हें ग्रहण के दौरान बाहर न निकलने और घर के अंदर शांत वातावरण में रहने की परंपरागत सलाह दी जाती है।

किन राशियों के लिए शुभ संकेत?
वृषभ, मिथुन और तुला राशि के लिए यह ग्रहण सकारात्मक परिणाम दे सकता है। इन राशियों के जातकों के जीवन में रुके हुए कार्य पूरे होने के संकेत मिल रहे हैं। आर्थिक स्थिति में सुधार, नए अवसर और प्रतिष्ठा में वृद्धि के योग बन सकते हैं। हालांकि यह फल व्यक्तिगत कुंडली के अनुसार बदल सकता है, फिर भी सामान्य तौर पर इन राशियों के लिए यह समय प्रगति का संकेत देता है।

अन्य राशियों के लिए यह ग्रहण सामान्य प्रभाव देने वाला रहेगा। उन्हें अत्यधिक चिंता करने की आवश्यकता नहीं है, लेकिन सतर्कता और संतुलित व्यवहार अपनाना लाभकारी रहेगा।

ग्रहण के समय क्या करें?
धार्मिक दृष्टि से ग्रहण का समय आध्यात्मिक साधना के लिए उपयुक्त माना जाता है। इस दौरान मंत्र जाप, ध्यान, प्रार्थना और भगवान का स्मरण करना शुभ फलदायक माना जाता है। “ॐ नमः शिवाय” या “ॐ चंद्राय नमः” जैसे मंत्रों का जप मानसिक शांति प्रदान कर सकता है।

ग्रहण समाप्त होने के बाद स्नान करना, घर की सफाई करना और ताजे भोजन का सेवन करना शुभ माना जाता है। दान-पुण्य और जरूरतमंदों की सहायता करना भी सकारात्मक ऊर्जा को बढ़ाने का माध्यम माना गया है।

अंततः, चंद्र ग्रहण केवल एक खगोलीय घटना नहीं, बल्कि आत्मचिंतन और आध्यात्मिक जागरूकता का अवसर भी है। उचित सावधानी और सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ यह समय जीवन में संतुलन और आत्मबल को मजबूत कर सकता है।

TAGGED:3 मार्च 2026Astrology 2026Chandra Grahan IndiaPoorn Chandra Grahan 2026आध्यात्मिक उपायग्रहण सावधानियांचंद्र ग्रहण प्रभावपूर्ण चंद्र ग्रहणराशियों के लिए ग्रहणसूतक काल
Share This Article
Email Copy Link Print
Previous Article आज का राशिफल 2026: मेष, वृषभ, मिथुन, कर्क, सिंह, कन्या, तुला, वृश्चिक, धनु, मकर, कुंभ, मीन – खुशियों और सकारात्मक ऊर्जा से भरा दिन आज का राशिफल: खुशियों और सकारात्मक ऊर्जा से भरा दिन
Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सटीक और सामयिक अपडेट के लिए आपका विश्वसनीय स्रोत!
सटीक, निष्पक्ष और तत्काल खबरों के लिए आपका विश्वसनीय स्रोत। हर पल के अपडेट्स के साथ रहें एक कदम आगे।
FacebookLike
XFollow
InstagramFollow
YoutubeSubscribe
- विज्ञापन -

You Might Also Like

27 नवंबर अंकज्योतिष फल – मूलांक 1 से 9 का आध्यात्मिक भविष्यफल
ग्रह-नक्षत्र

अंकज्योतिष फल 27 नवंबर: मूलांक 1 से 9 का आज का आध्यात्मिक राशिफल

By दिव्यसुधा
वैदिक पंचांग के अनुसार आज शतभिषा नक्षत्र और शुक्ल पक्ष प्रतिपदा का ज्योतिषीय महत्व दर्शाता आध्यात्मिक दिन
ग्रह-नक्षत्र

आज का वैदिक पंचांग: शतभिषा नक्षत्र और शुक्ल प्रतिपदा का विशेष महत्व

By दिव्यसुधा
मंगल का गोचर वृश्चिक राशि में
ग्रह-नक्षत्र

मंगल का महागोचर: पांच राशियों के जीवन में आएगा बड़ा परिवर्तन

By दिव्यसुधा
जनवरी 2026 साप्ताहिक लव राशिफल – सभी 12 राशियों के लिए प्रेम, रोमांस और संबंधों का ज्योतिषीय विश्लेषण
ग्रह-नक्षत्र

जनवरी 2026 का साप्ताहिक लव राशिफल, सभी 12 राशियों का प्रेम भविष्यफल

By दिव्यसुधा
अनलिमिटेड कहानियां-आर्टिकल पढ़ने के लिए सब्सक्राइब करें

दिव्यसुधा के बारे में!

दिव्य सुधा एक धार्मिक पत्रिका है जिसका उद्देश्य हिन्दू देवी-देवताओं की महिमा और सभी तीर्थ स्थलों की महत्ता, महत्वपूर्ण व्रत-त्योहार, पूजन विधि एवं अन्य धार्मिक जानकारियों को साझा करना है।

Facebook X-twitter Youtube Instagram
Top Categories

सनातन धर्म

भगवान

मंदिर

राशिफल

पंचांग

आरती/मंत्र

गृह/नक्षत्र

व्रत और त्योहार

वास्तु शास्त्र /हस्त रेखा

अन्य

Useful Links

About Divysudha

Contact Us

Contact Us
  • Dozen Hands Media Publication
    1/8 Vivek Khand, Gomti Nagar, Lucknow – 226010, Uttar Pradesh
  • Contactus@divysudha.com

Privacy policy      Terms & Conditions  
© 2025 Divysudha. All Rights Reserved.

© 2026 Divysudha. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?