आजकल लोग घर में सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली बनाए रखने के लिए कई प्रकार की पेंटिंग, मूर्तियां और प्रतीकात्मक वस्तुएं रखते हैं। इनमें से एक प्रमुख और बहुत ही प्रभावशाली माना गया प्रतीक है ऊंट की मूर्ति। वास्तुशास्त्र और फेंगशुई के अनुसार घर में ऊंट की मूर्ति रखने से जीवन में सकारात्मक बदलाव, करियर में उन्नति, व्यापार में लाभ और सौभाग्य में वृद्धि हो सकती है। लेकिन इसके लिए सही दिशा, स्थान और नियमों का पालन करना बहुत जरूरी होता है। आइए जानते हैं घर में ऊंट की मूर्ति रखने की सही दिशा, स्थान, फायदे और वास्तु नियम।
घर में ऊंट की मूर्ति रखने की सही दिशा
वास्तु के अनुसार ऊंट की मूर्ति को घर के उत्तर-पश्चिम दिशा में रखना सबसे शुभ माना जाता है। यह दिशा व्यापार, करियर और सामाजिक प्रतिष्ठा को मजबूत करने में मदद करती है। यदि उत्तर-पश्चिम दिशा संभव न हो, तो आप पूर्व या उत्तर दिशा में भी ऊंट की मूर्ति रख सकते हैं। इन दिशाओं में ऊंट की मूर्ति रखने से घर में सुख-समृद्धि और खुशहाली बनी रहती है और परिवार पर सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है।
घर में ऊंट की मूर्ति रखने का सही स्थान
किसी भी मूर्ति को घर में रखने से पहले सिर्फ दिशा ही नहीं बल्कि स्थान भी बहुत महत्वपूर्ण होता है। वास्तु के अनुसार ऊंट की मूर्ति को लिविंग रूम या ड्राइंग रूम में रखना सबसे शुभ माना गया है। लिविंग रूम में ऊंट की मूर्ति रखने से घर का वातावरण सकारात्मक रहता है और परिवार के सभी सदस्यों पर इसका अच्छा प्रभाव पड़ता है। यह सम्मान, प्रतिष्ठा और सामाजिक संबंधों को भी मजबूत बनाता है।
घर में ऊंट की मूर्ति रखने के नियम
ऊंट की मूर्ति को घर में रखने के कुछ खास नियम हैं, जिनका पालन करने से इसके शुभ प्रभाव और बढ़ जाते हैं:
ऊंट की मूर्ति को हमेशा जोड़े में रखें
एकल मूर्ति की तुलना में जोड़ी में ऊंट रखने से व्यापार और करियर में अधिक लाभ होता है। यह जोड़ी धन-समृद्धि और सौभाग्य का प्रतीक मानी जाती है।
बेडरूम, बाथरूम के पास, सीढ़ियों के नीचे या मुख्य द्वार के सामने न रखें
इन स्थानों पर मूर्ति रखना अशुभ माना जाता है। इससे सकारात्मक ऊर्जा प्रभावित हो सकती है।
पीतल या तांबे की ऊंट की मूर्ति शुभ होती है
यदि ये संभव न हो तो लकड़ी या पत्थर की ऊंट की मूर्ति भी रख सकते हैं।
यह धातु और प्राकृतिक सामग्री घर में सकारात्मक ऊर्जा बनाए रखने में मदद करती हैं।
मूर्ति का साइज मध्यम रखें
अत्यधिक बड़ी या अत्यधिक छोटी ऊंट की मूर्ति न रखें।
मध्यम आकार की मूर्ति घर में संतुलन बनाए रखती है और शुभ प्रभाव बढ़ाती है।
ऊंट का मुख मुख्य दरवाजे की ओर न रखें
इसका मुख घर के अंदर की ओर होना अधिक शुभ माना जाता है।
इससे सकारात्मक ऊर्जा घर के भीतर बनी रहती है और बाहर की नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव कम होता है।
टूटी हुई मूर्ति न रखें
टूटी या खराब मूर्ति रखने से प्रतिकूल प्रभाव हो सकते हैं।
इसके साथ ही मूर्ति की साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें और जिस स्थान पर मूर्ति रखी हो उसे स्वच्छ रखें।
घर में ऊंट की मूर्ति रखने के फायदे
वास्तु और फेंगशुई के अनुसार सही दिशा और स्थान पर ऊंट की मूर्ति रखने से निम्नलिखित लाभ मिल सकते हैं:
सुख-समृद्धि में वृद्धि
घर में आर्थिक स्थिति मजबूत होती है और धन संबंधी बाधाएं कम होती हैं।
करियर में उन्नति
नौकरी या व्यवसाय में नए अवसर प्राप्त होते हैं और प्रोफेशनल लाइफ में सफलता मिलती है।
व्यापार में बढ़त
व्यापार में नए सौदे, लाभ और प्रतिष्ठा बढ़ती है।
सौभाग्य में वृद्धि
भाग्य का साथ मिलता है और जीवन में सकारात्मक बदलाव आते हैं।
बाधाएं कम होती हैं
घर के जरूरी कार्यों में आ रही रुकावटें धीरे-धीरे कम होती हैं और जीवन में स्थिरता आती है।
घर में ऊंट की मूर्ति रखने से न सिर्फ घर की सजावट में निखार आता है, बल्कि यह आपके जीवन में सकारात्मक ऊर्जा, सौभाग्य, करियर और व्यापार में उन्नति लाने का प्रतीक भी है। लेकिन इसके लिए सही दिशा, स्थान और नियमों का पालन करना आवश्यक है।
यदि आप चाहते हैं कि आपके घर में सुख-समृद्धि बनी रहे और करियर में तरक्की हो, तो उत्तर-पश्चिम दिशा में लिविंग रूम में जोड़ी में ऊंट की मूर्ति रखना सबसे उत्तम विकल्प है।